IND VS ENG : भारत और इंग्लैंड के बीच खेले गए तीसरे टी20 मुकाबले में जिस खिलाड़ी ने सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोरीं, वह थे इंग्लैंड के तेज गेंदबाज जोश टंग। अपनी तेज रफ्तार, सटीक लाइन-लेंथ और लगातार बल्लेबाजों को छकाने वाली गेंदबाजी के दम पर उन्होंने भारतीय बल्लेबाजी क्रम को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। टंग की घातक गेंदबाजी के सामने भारतीय बल्लेबाज टिक नहीं सके और पूरी टीम महज 76 रन पर सिमट गई। इंग्लैंड ने यह मुकाबला 125 रन के विशाल अंतर से जीतकर सीरीज में दमदार वापसी की।
धोनी पर लगा बड़ा इल्ज़ाम, इन क्रिकेटरों का करियर किया खराब
IND VS ENG 3rd T20I : तीसरे टी20 में इंग्लैंड के तेज गेंदबाज ने मचाई तबाही
इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 201 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया। लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम शुरुआत से ही दबाव में दिखी। इसका सबसे बड़ा कारण जोश टंग की धारदार गेंदबाजी रही।
टंग ने अपने चार ओवर के स्पेल में 28 रन देकर 4 महत्वपूर्ण विकेट झटके। उन्होंने नई गेंद से ही भारतीय बल्लेबाजों पर दबाव बनाया और नियमित अंतराल पर विकेट निकालकर मैच को पूरी तरह इंग्लैंड के पक्ष में कर दिया। उनकी अतिरिक्त उछाल और सीम मूवमेंट ने भारतीय बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका ही नहीं दिया।
कौन हैं जोश टंग?
15 नवंबर 1997 को इंग्लैंड के वॉर्सेस्टर में जन्मे जोश टंग दाएं हाथ के तेज गेंदबाज हैं। घरेलू क्रिकेट में उन्होंने अपनी तेज गति और आक्रामक गेंदबाजी से पहचान बनाई। 145 किमी प्रति घंटे के आसपास की रफ्तार से गेंद फेंकने वाले टंग अपनी ऊंचाई का बेहतरीन इस्तेमाल करते हैं, जिससे उन्हें अतिरिक्त बाउंस मिलता है। चोटों से वापसी करने के बाद उन्होंने इंग्लैंड की टीम में जगह बनाई और अब लगातार अपनी उपयोगिता साबित कर रहे हैं।
दूसरे मैच से सीख, तीसरे में दिखा दम
सीरीज के दूसरे टी20 में टंग को अंतरराष्ट्रीय टी20 करियर की शुरुआत करने का मौका मिला था। उस मुकाबले में वह अपनी छाप छोड़ने में सफल नहीं रहे, लेकिन तीसरे मैच में उन्होंने शानदार वापसी की। चार विकेट लेकर उन्होंने न सिर्फ आलोचकों को जवाब दिया, बल्कि यह भी साबित कर दिया कि बड़े मैचों में दबाव झेलने का माद्दा उनके पास है।
इंग्लैंड को मिला भविष्य का तेज गेंदबाज
जोश टंग का यह प्रदर्शन इंग्लैंड के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। टीम को लंबे समय से ऐसे तेज गेंदबाज की तलाश थी, जो नई गेंद से विकेट निकालने के साथ-साथ बीच के ओवरों में भी बल्लेबाजों पर दबाव बना सके। भारत के खिलाफ तीसरे टी20 में उन्होंने दिखा दिया कि अगर लय बरकरार रही, तो आने वाले वर्षों में वह इंग्लैंड के गेंदबाजी आक्रमण की सबसे मजबूत कड़ी बन सकते हैं।